ऐसा गिरोह जिसके तार दूर-दूर तक, हुआ बेतार

जबलपुर न्‍यूज 4 इंडिया। रेल टिकटों की कालाबाजारी के इतिहास में आरपीएफ ने जबलपुर में अब तक के सबसे बड़े टिकट दलाल राजेश कुमार सखूजा को गिरफ्तार किया है रेल टिकटों के इस गोरखधंधे में शामिल दलाल को गोरखपुर के एक साइबर शॉप में छापामार कर पकड़ा गया है। आरपीएफ ने साइबर कैफे से 738 ई रेल टिकटें जब्‍त की हैं, जिसकी कीमत 10 लाख रूपए से अधिक है टिकट दलाल के इस सरगना को तीन दिनों की रिमांड पर लिया गया है। जिससे पूछताछ में कई मामलों का खुलासा होने की संभावना है। प्राप्‍त जानकारी के अनुसार पमरे की आरपीएफ के मुख्‍य सुरक्षा आयुक्‍त डॉ. आरके मलिक को मुखबिर से सूचना मिली थी कि जबलपुर में इन दिनों ई-रेल टिकट की कालाबाजारी करने वाला एक बड़ा गिरोह सक्रिय है।

आईजी श्री मलिक ने इस सूचना को जबलपुर आरपीएफ पोस्‍ट प्रभारी वीरेंद्रसिंह को देते हुए कार्रवाई करने के निर्देश दिए। जिसके बाद आरपीएफ की एक टीम ने 12 मई की देर शाम गोरखपुर मार्केट स्थित अनमोल साइबर कैफे में छापामारी की, जहांपर टिकटों का अंबार देख आरपीएफ की टीम आश्‍चर्य चकित रह गई। जिसके बाद राजेश कुमार सखूजा 40 वर्ष को गिरफ्तार कर पूछताछ के लिए न्‍यायालय से तीन दिनों की रिमांड पर लिया गया है।

लंबे समय से चल रहा था खेल

आरपीएफ की जांच में अभी तक 738 ई रेल टिकटें मिली हैं जिसमें से 660 टिकटें उपयोग की जा चुकी हैं जबकि 78 टिकटों पर आगे सफर किया जाना बाकी था आरपीएफ ने इन टिकटों की कुल कीमत 10 लाख 16 हजार 895 रूपए होने की जानकारी दी है। आरपीएफ ने रेल टिकट बनाए जाने में उपयोग करने की पूरी मशीनरी को जब्‍त कर लिया है वही आरपीएफ ने पूछताछ में और खुलासा होने की उम्‍मीद जाहिर की है।

आईजी आरपीएफ, डॉ. आरके मलिक का कहना है कि हमें इस बात की सूचना मिली की शहर के कुछ साइबर कैफे में टिकट दलाली का खेल जोर-शोर से चल रहा है। इसकी जानकारी पोस्‍ट प्रभारी को देकर कार्रवाई करने के निर्देश दिये। स्‍टाफ ने सैकड़ों की संख्‍या में टिकटों के साथ साइबर कैफे की पूरी मशीनरी को जब्‍त कर लिया है।

Related posts

Leave a Comment